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सूर्य ग्रह यदि जन्मकुण्डली में अशुभ हो तो शुभ फल प्राप्ति हेतु सरल उपाय ।।



सूर्य ग्रह यदि जन्मकुण्डली में अशुभ हो तो शुभ फल प्राप्ति हेतु सरल उपाय ।। Some benifical ways If Surya Grah is not positive in your horoscope.


हैल्लो फ्रेण्ड्सzzz,


मित्रों, दान के विषय में शास्त्र कहता है कि दान का फल उत्तम तभी होता है जब यह शुभ समय में सुपात्र को दिया जाए । तो चलिये आज मैं आपलोगों को सूर्य ग्रह के विपरीत दशा में भी शुभ फल प्राप्ति हेतु कुछ सहज उपाय बताते हैं ।। किसी भी ग्रहों की शांति के लिये क्या-क्या दान करें अथवा न करें ये जानकर करने से व्यक्ति हर प्रकार की अनहोनी से बचकर सफलता प्राप्त करता ही है । तो आइये ग्रहों की शांति के उपायों के इस क्रम में आज सूर्य के लिए कुछ उपायों को जानते हैं ।।

मित्रों, सूर्य ग्रह की शांति के लिये गाय का बछड़े समेत दान करना चाहिए । अशुभ सूर्य की दशा में शुभ फल प्राप्ति हेतु गुड़, सोना, तांबा अथवा गेहूं से तुलादान कर सकते हैं, जिससे विपरीत परिस्थियों में भी सफलता मिलती है ।। सूर्य से सम्बन्धित रत्न का दान किसी श्रेष्ठ ब्राह्मण को करना चाहिये । दान के विषय में शास्त्र कहता है कि दान का फल उत्तम तभी होता है जब यह शुभ समय में सुपात्र को दिया जाए । अत: सूर्य से सम्बन्धित वस्तुओं का दान रविवार के दिन दोपहर में साढ़े ग्यारह से डेढ़ बजे के बीच करना चाहिए ।।

सूर्य ग्रह की शांति के लिए रविवार का व्रत करना चाहिए । गाय को गेहुं और गुड़ मिलाकर खिलाना चाहिए । किसी ब्राह्मण अथवा किसी गरीब व्यक्ति को गुड़ का खीर खिलाने से भी सूर्य ग्रह के विपरीत प्रभाव में कमी आती है ।। अगर आपकी कुण्डली में सूर्य कमज़ोर है तो आपको अपने पिता एवं अन्य बुजुर्गों की सेवा करनी चाहिए इससे सूर्य देव प्रसन्न होते हैं । प्रात: काल उठकर सूर्य नमस्कार करने से भी सूर्य की विपरीत दशा से राहत मिल सकती है ।।


अगर कुण्डली में सूर्य कमजोर हो तो उसे बली बनाने के लिए व्यक्ति को प्रातःकाल सूर्योदय के समय उठकर लाल पुष्प वाले पौधों एवं वृक्षों को जल से सींचना चाहिए । रात्रि में ताँबे के पात्र में जल भरकर सिरहाने रखकर दूसरे दिन प्रातःकाल उसे पीना चाहिए ।। ताँबे का कड़ा दाहिने हाथ में धारण करने से भी सूर्य का अशुभ प्रभाव कम होता है । लाल गाय को रविवार के दिन दोपहर के समय दोनों हाथों में गेहूँ भरकर खिलाने चाहिए । गेहूँ को जमीन पर नहीं डालना चाहिए ।।

अगर कुण्डली में सूर्य कमजोर हो तो किसी भी महत्त्वपूर्ण कार्य पर जाते समय घर से गुड़ अथवा मीठी वस्तु खाकर निकलना चाहिए ।
हाथ में मोली (कलावा) छः बार लपेटकर बाँधना चाहिए । लाल चन्दन को घिसकर स्नान के जल में डालना चाहिए इससे सूर्य का अशुभ प्रभाव कम होता है ।। सूर्य के दुष्प्रभाव निवारण के लिए किए जा रहे टोटकों हेतु रविवार का दिन, सूर्य के नक्षत्र (कृत्तिका, उत्तरा-फाल्गुनी एवं उत्तराषाढ़ा) तथा सूर्य की होरा में अधिक प्रभावी होते हैं ।।

आपकी कुण्डली में अगर सूर्य कमज़ोर अथवा नीच का होकर आपको परेशान कर रहा हो अथवा किसी कारण सूर्य की दशा सही नहीं चल रही है तो आपको गेहूं और गुड़ का सेवन नहीं करना चाहिए 
इसके अलावा आपको इस समय तांबा से निर्मित कोई वस्तु धारण नहीं करना चाहिए अन्यथा इससे सम्बन्धित क्षेत्र में आपको और भी परेशानी हो सकती है ।।
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बालाजी वेद, वास्तु एवं ज्योतिष विद्यालय, सिलवासा ।।

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