My Articles

अतुलनीय धन प्राप्ति के कुछ सहज उपाय, कुछ आसान टोटके ।। Chhote Upaya Bada Fayada.

हैल्लो फ्रेंड्सzzz.


मित्रों, हमारे पूर्वज ऋषियों ने कुछ ऐसे उपाय बताये हैं, जिसे प्रयत्न पूर्वक पूर्ण श्रद्धा से यदि किया जाय तो तत्काल एवं अतुलनीय सम्पदा की प्राप्ति सहज ही व्यक्ति को हो जाती है । लेकिन इसका अर्थ ये नहीं कि ये टोटके सभी को फलदायी सिद्ध हो ही जाएँ । क्योंकि किसी भी एक कर्म का फल व्यक्ति को पूर्ण रूपेण दुसरे के प्रयोग के अनुसार कहे गए वक्तब्यों के आधार पर सम्पूर्ण फल प्राप्त हो ही जाएँ ये जरुरी नहीं है ।।

उसके लिए व्यक्ति को योग्य होना भी आवश्यक होता है । व्यक्ति के जीवन के सभी कर्मों का लेखा-जोखा जोड़ कर ही किसी भी कर्म का फल प्राप्त होता है । परन्तु इसका अर्थ ये भी नहीं है कि हम किसी कर्म को फल न मिलने की आशंका मात्र से करने ही बंद कर दें । कर्म तो हमें करने ही पड़ेगा क्योंकि तात्कालिक मनोकामना पूर्ण हो या न हो लेकिन सत्कर्म तो हमारे हाथों से कुछ न कुछ हो ही जायेगा ।।


मित्रों, किसी भी परिस्थिति में कर्म का फल व्यक्ति को मिलता ही है । फिर चाहे कर्म सत्कर्म हो या फिर कोई दुष्कर्म ही क्यों न हो, उसका फल तो मिलना ही है । चलिये आज मैं आपलोगों को कुछ ऐसा टिप्स बताता हूँ, जो बहुत ही कम लोग जानते हैं । ऐसे टिप्स जिनको हर कोई आसानी से कर सकता है, जो सुनने में बहुत ही साधारण सा उपाय हैं ।।

लेकिन प्रभावी बहुत ही होता है । मित्रों, जिस घर में नियमित रूप से अथवा कम से कम सप्ताह में एक दिन शुक्रवार को भी अगर श्रीसूक्त अथवा श्रीलक्ष्मी सूक्त का पाठ होता है, वहांपर माता लक्ष्मी का स्थायी रूप से निवास हो जाता है । उस घर में कभी दरिद्रता नहीं आती, क्योंकि दरिद्रता लक्ष्मी कि बड़ी बहन हैं । और हमारे यहाँ एक प्रथा आज भी है, की बड़ी बहन अपने छोटी बहन के यहाँ नहीं जाती ।।


मित्रों, सप्ताह में प्रत्येक शनिवार को अपने घर के फर्श पर पोछा लगाते समय थोडा सा समुद्री नमक मिलाकर पोछा लगाएँ । ऐसा करने से घर में होने वाले झगडे कम हो जाते हैं । शायद आपको मालूम न हो कि आपके घर में आने वाला व्यक्ति (अतिथि) कहाँ से आया है, तथा उसके मन में आपके प्रति क्या विचार हैं ? इसलिए नमक मिले पानी से पोछा लगाने से इस प्रकार कि आनेवाली सारी नकारात्मक उर्जा समाप्त अथवा प्रभावहीन हो जाती है ।।

प्रात: काल ब्रह्ममुहूर्त में प्रतिदिन घर कि लक्ष्मी (स्त्रियाँ) यदि मुख्यद्वार पर एक लोटा शुद्ध जल डाले, तो माँ लक्ष्मी के आने का मार्ग प्रशस्त होता है । यदि आप चाहते हैं, कि आपके घर में सुख शांति बनी रहे तथा आप आर्थिक रूप से समर्थ बनें, तो प्रत्येक अमावस्या को अपने घर की पूर्ण सफाई करें । जितना भी फ़ालतू सामान इकठ्ठा हुआ हो उसे कबाड़ी को बेच दें और घी का दीपक घर के मंदिर में जलायें ।।


मित्रों, यदि आप प्रत्येक पूर्णिमा को अपने घर में श्रीसूक्त से हवन कर सकें तो अति ही उत्तम बात है । लेकिन हवन के लिए यदि आपको श्रीसूक्त अथवा कोई मन्त्र नहीं आता हो तो सिर्फ इतना करें की कंडे (गाय का स्वेच्छा से दिया हुआ गोबर जो वहीँ का वहीँ सुख गया हो) अथवा आम या फिर देवदार कि सुखी लकड़ी पर कपूर से अग्नि प्रज्वलित करके "ॐ श्री महालक्ष्म्यै नम:" इस मन्त्र से आहुति दें ।।

अगर श्रीसूक्त आता हो तो बहुत ही अच्छी बात है । नहीं तो इस उपरोक्त मन्त्र से भी श्रद्धापूर्वक १०८ आहुति दें । यह आपकी धार्मिक भावना को प्रगाढ़ एवं घर की सोयी हुई उर्जा को जगाता है तथा सकारात्मक उर्जा (लक्ष्मी) के आगमन को बढ़ाता है । महीने में दो बार किसी भी दिन प्रज्वलित अग्नि पर थोड़ी सी गूगल अथवा लोहबान रख कर उसके धुएं को पूरे घर में अवश्य घुमायें ।।


मित्रों, यदि आपके पूजा काल में कोई भी मेहमान आये तो यह अति ही शुभ माना जाता है । इस समय उस मेहमान को जल पान अवश्य करवायें । यदि संध्या काल की पूजा में कोई सुहागिन स्त्री आये तो यह आपके लिए बहुत ही सौभाग्य कि बात है । इस घटना से आप यह समझें की आपके घर माँ लक्ष्मी का प्रवेश हो गया है ।।


आपकी साधना अर्थात पूजा काल में यदि कोई बच्चा रोता है, तो यह आपके लिए शुभ नही है । इसके लिए आप किसी विद्वान् ब्राह्मण से संपर्क कर पता लगायें की क्या वजह है । इसका सामान्य कारण यह हो सकता है, की आपके घर में कोई नकारात्मक उर्जा (शक्ति) अवश्य ही है । आपके निवास में अग्नि कोण (पूर्व व दक्षिण) में यदि गलती से कोई पानी की व्यवस्था हो गयी है, तो यह वास्तु शास्त्र के अनुसार बहुत बड़ा दोष है ।।

मित्रों, इस दोष की निवृत्ति के लिए आप उस स्थान पर चौबीस घंटे एक लाल बल्ब जलाकर रखें । शाम को उस स्थान पर एक दीपक अवश्य जलायें ताकि अग्निकोण के स्वामी अग्निदेव की कृपा आपको प्राप्त हो सके । इस बात का पूरा ध्यान रखें कि आपके घर में कभी भूलकर भी नमक का डब्बा खुला न रहे अथवा किसी खुले डब्बे में न रखा जाय ।।

घर में जितने भी दरवाजे हों उनमें समय-समय पर तेल अवश्य डालते रहना चाहिये । ताकि उनमें से किसी प्रकार की कोई आवाज न आये अन्यथा ये दोष आपके घर आती हुई लक्ष्मी को वापस कर सकता है । मित्रों, ये कार्य छोटे-छोटे अवश्य ही हैं, लेकिन बहुत ही प्रभावी होते हैं । इन बातों को आप गम्भीरता से पालन करें एवं अपने सभी मित्रों, को बतायें ।।

=============================================

वास्तु विजिटिंग के लिये तथा अपनी कुण्डली दिखाकर उचित सलाह लेने एवं अपनी कुण्डली बनवाने अथवा किसी विशिष्ट मनोकामना की पूर्ति के लिए संपर्क करें ।।

==============================================

किसी भी तरह के पूजा-पाठ, विधी-विधान, ग्रह दोष शान्ति आदि के लिए तथा बड़े से बड़े अनुष्ठान हेतु योग्य एवं विद्वान् ब्राह्मण हमारे यहाँ उपलब्ध हैं ।।

==============================================

संपर्क करें:- बालाजी ज्योतिष केन्द्र, गायत्री मंदिर के बाजु में, मेन रोड़, मन्दिर फलिया, आमली, सिलवासा ।।


WhatsAap & Call: +91 - 8690 522 111.
E-Mail :: astroclassess@gmail.com


वेबसाइट.  ब्लॉग.  फेसबुक.  ट्विटर.


।।। नारायण नारायण ।।।

बालाजी वेद, वास्तु एवं ज्योतिष विद्यालय, सिलवासा ।।

कुण्डली दिखाकर उचित सलाह लेने एवं अपनी कुण्डली बनवाने तथा वास्तु विजिटिंग के लिये अथवा किसी विशिष्ट मनोकामना की पूर्ति के लिए संपर्क करें । पूजा-पाठ, विधी-विधान, ग्रह दोष शान्ति आदि के लिए तथा बड़े से बड़े अनुष्ठान हेतु योग्य एवं विद्वान् ब्राह्मण हमारे यहाँ उपलब्ध हैं । ज्योतिष पढ़ने के लिये संपर्क करें - बालाजी ज्योतिष केन्द्र, गायत्री मंदिर के बाजु में, मेन रोड़, मन्दिर फलिया, आमली, सिलवासा।।

0 comments:

Post a Comment

Note: only a member of this blog may post a comment.

BALAJI VED VIDYALAYA, SILVASSA.. Powered by Blogger.