Mantra Totka

नाजायज सम्बन्ध, गृहस्थ जीवन की समस्या और उसका सरल समाधान ।।



नाजायज सम्बन्ध, गृहस्थ जीवन की समस्या और उसका सरल समाधान ।। Vaivahik Jivan Samasya And Samadhan.

हैल्लो फ्रेण्ड्सzzz,

मित्रों, गृहस्थ जीवन के विषय में एक कहावत है, कि ये एक ऐसा लड्डू है, जिसे जिसने खाया वो भी पछताया और जिसने नहीं खाया वो भी पछताया । युवानी में विवाह करने की जल्दी की किसी भी तरह जल्द-से-जल्द शादी हो जाय और होने के बाद जिन्दगी भर परेशानी ।। असल में ये एक ऐसा विषय है जिससे कोई भी नहीं बच पाया है । फिर चाहे ब्रह्मा, विष्णु, रूद्र अथवा इन्द्र ही क्यों न हों । अगर ऐसा नहीं होता तो आज कोल्हापुर में माता महालक्ष्मी का मंदिर नहीं होता । माताजी भगवान नारायण से झगड़ा करके आकर कोल्हापुर में छिप गयी थी ।।

मित्रों, ये बात सर्वविदित है, इस बात को आपलोगों को बताने की आवश्यकता नहीं है फिर भी मैंने बता दिया । बहुत से बहनों के मेल आते हैं, पेज पर मैसेज बॉक्स में दुनियाँ भर के मैसेजेस आये हुये हैं, कि इसका कोई आसान उपाय आप बतायें । आज बैठा था तो याद आ गया, मैंने सोंचा चलो आज इसी विषय में कुछ लिखते हैं ।। वैसे तो मैंने कई बार कई तरह के आर्टिकल इस विषय पर लिखे हैं । और कभी-कभी देखता हूँ, की कई लोगों ने भी इस विषय पर अपने-अपने तरीके से कई प्रकार के लेख लिखे हुये हैं । फिर भी मैंने आज सोंचा इसी विषय पर लिखना है, सो आइये आज इस पति-पत्नी के प्रतिदिन के कलह को दूर करने का कुछ सटीक उपाय बता ही देता हूँ ।।

मित्रों, यदि कोई पुरुष घर में ज्यादा झगडालू हो तो वह स्त्री सोमवार से यह उपाय आरम्भ करे । करना ये है, कि प्रथम सोमवार को अशोक वृक्ष के पास जाकर धुप-दीप से अर्चना कर अपनी समस्याओं को निवेदन करे और जल चढ़ाये । सात पत्ते तोड़कर अपने घर ले आये और उसे अपने घर के पूजास्थल में रख कर उनकी पूजा करे ।। अगले सोमवार को पुन: यह क्रिया दोहराएँ तथा सूखे पत्तों को मंदिर में अथवा बहते जल में प्रवाहित कर देवे । यदि पति पत्नी का आपस में बिना बात के झगड़ा होता है और झगडे का कोई कारण भी नही होता तो अपने शयनकक्ष में पति अपने तकिये के नीचे लाल सिन्दूर रखे व पत्नी अपने तकिये के नीचे कपूर रखे ।।

मित्रों, सुबह जगने के पश्चात् पतिदेव को करना ये है, कि सिन्दूर का आधा भाग घर में ही कहीं गिरा दें और आधे से पत्नी की मांग भर दें तथा श्रीमती पत्नीदेवी जी को चाहिये की उस कपूर जला दें । पति-पत्नी के इस कलह की शान्ति के लिए पत्नी बुधवार को तीन घंटे का मौन रखे । शुक्रवार को अपने हाथ से खीर बनाये और उसमें मिश्री डालकर अपने पति को अपने हाथों से खिलाये ।। एक और सरल टोटका इस प्रकार है, करना ये है, कि दो इत्र की सीसी लायें एक में से थोड़ा माताजी को चढ़ायें, एक सीसी इत्र का दान कर दें एवं माताजी को चढ़ायी सीसी के बचे हुये इत्र को अपने कक्ष में रखें । इस प्रकार इस टोटके को गुप्त रूप से करें इससे पति-पत्नी के आपसी प्रेम में वृद्धि होती है एवं कलह शान्त हो जाता है ।।

मित्रों, एक और टोटका बताता हूँ, करना ये है, कि एक कनेर के फुल को पानी में घिसकर अथवा पीसकर उस से पति के माथे पर तिलक करें । यह एक ऐसा वशीकरण उपाय है, कि यदि आपके पति का किसी भी अन्य महिला से अवैध सम्बन्ध होगा तो वो अवश्य ही समाप्त हो जायेगा, इसमें कोई संशय नहीं है ।। किसी भी महिला को ऐसा लगे की उसका पति किसी अन्य महिला के जाल में (अवैध सम्बन्ध के चक्कर में) फँस गया है । आज अपने पति पर गहरी दृष्टि बनाये रखें और जब भी आपको लगे की उससे सम्बन्ध स्थापित करके आ रहें हैं तो आप कैसे भी उनकी चड्ढी लेकर उसको जला दीजिये । जले हुये चड्ढी की राख को किसी चौराहे पर फेंककर पैरों से रगड़ दीजिये, वो अवैध प्रेम सदा के लिये मर जायेगा ।।

एक और अन्तिम बहुत सटीक उपाय बताता हूँ । किसी भी गुरूवार को तीन सौ ग्राम बेसन के लड्डू, लगभग पचास-पचास ग्राम के आटेके दो पेड़े, तीन केले एवं इतन ही चना का दाल पानी में पीसकर सब मिक्स करके किसी गाय को खिला दें ।। ध्यान रखें की गाय ऐसी अवस्था में हो जो अपने बछड़े को दूध पिला रही हो । गौमाता को यह सब खिलाकर यह निवेदन करें, कि हे माँ ! मैंने आपके बच्चे के सुखी जीवन के लिये यह फल आपको दिया है, आप मेरे बच्चों के उज्ज्वल भविष्य का ध्यान रखना । सच मानिये कुछ ही दिन में आपके पति सही रास्ते पर आ जायेंगे ।।

बालाजी वेद, वास्तु एवं ज्योतिष विद्यालय, सिलवासा ।।

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