Copy
Vedic Articles

मकर संक्रान्ति पर मनोकामना पूर्ति हेतु किस राशी वाले क्या दान करें ? ।।



14 जनवरी 2017 मकर संक्रान्ति पर मनोकामना पूर्ति हेतु किस राशी वाले क्या दान करें ? ।। Makar Sankranti Par Rashi Anusar Daan.

हैल्लो फ्रेंड्सzzzzz.

मित्रों, श्री काशी विश्वनाथ पञ्चांग के अनुसार 14 जनवरी 2017 को इस बार मकर संक्रांति सर्वार्थ सिद्धि योग एवं अमृत सिद्धि योग में मनाया जायेगा । 14 जनवरी को सुबह 7:38 बजे सूर्य मकर राशि में प्रवेश करेगा । यह संक्रांति जीव मात्र इतना ही नहीं अपितु पशु-पक्षी आदि वर्ग को भी सुख देने वाली है । क्योंकि जिस दिन सूर्य धनु राशि से मकर राशि में प्रवेश करता है, उस दिन ही मकर संक्रांति मनाई जाती है ।। प्राचीन परंपराओं के अनुसार इन दिन दान और नदी स्नान का विशेष महत्व है । ऐसी मान्यता है कि जो लोग संक्रांति पर दान करते हैं, उन्हें अक्षय पुण्य की प्राप्ति होती है और दुख-दर्द से छुटकारा मिलता है । तो मित्रों, इसी सम्बन्ध में आइये आपलोगों को कुछ ऐसे उपाय बताने का प्रयास करते हैं, जो इस मकर संक्रांति पर किए जाएं तो स्वास्थ्य लाभ के साथ ही धन तथा धर्म का लाभ भी प्राप्त किया जा सकता है ।।

वैसे तो हमारे देश के अलग-अलग हिस्सों में मकर संक्रांति का पर्व अलग-अलग रीति-रिवाजों के साथ मनाया जाता है । इस दिन का धार्मिक और वैज्ञानिक महत्व है । विज्ञान के अनुसार भी मकर संक्रांति पर्व स्वास्थ्य की दृष्टि से विशेष फायदेमंद होता है । सूर्य के मकर राशि में आने से ठंड का असर कम होने लगता है ।। पुरानी मान्यताओं के अनुसार मकर संक्रांति सूर्य की उपासना का दिन है । इस दिन सूर्य देव के निमित्त विशेष पूजन करना चाहिए । सुबह जल्दी उठें और नित्य कर्मों से निवृत्त होकर सूर्य को जल चढ़ाएं । जल चढ़ाने के लिए तांबे के लोटे का उपयोग करना चाहिए । सूर्य मान-सम्मान का कारक ग्रह है, सूर्य की कृपा से समाज और घर-परिवार में सम्मान सहज ही प्राप्त हो जाता है ।।

मकर संक्रांति से सूर्य उत्तरायण हो जाता है । ग्रंथों में उत्तरायण की अवधि को देवताओं का दिन तथा दक्षिणायन के समय को देवताओं की रात्रि कहा गया है । इस प्रकार मकर संक्रांति देवताओं का प्रभात काल माना गया है । इस दिन स्नान, दान, जप, तप, श्राद्ध तथा अनुष्ठान आदि का अत्यधिक महत्व है । पुरानी मान्यता है संक्रांति पर किया गया दान साधारण दान से हजार गुना पुण्य प्रदान करता है ।। मित्रों, विशेष रूप से मकर संक्रांति से सूर्य की किरणें हमारे स्वास्थ्य के लिए बहुत फायदेमंद रहती हैं । त्वचा की चमक बढ़ती है । सूर्य की किरणों के चमत्कारी असर को देखते हुए ही शायद हमारे पूर्वज ऋषियों ने इस दिन पतंग उड़ाने की परंपरा शुरू की है । अत: इस दिन कुछ देर सूर्य की रोशनी में कुछ देर बैठना चाहिए ।।

मित्रों, तिल-गुड़ में अत्यधिक ऊर्जावान बनाने की विशेष क्षमता होती है । मुझे लगता है, कि इसकी इसी विशेषता को ध्यान में रखते हुए पुराने समय से ही मकर संक्रांति पर इनका सेवन किया जाता रहा है । संक्रांति के समय तिल-गुड़ खाने से हमारे शरीर को सर्दी से संबंधित बीमारियों से लड़ने की विशेष शक्ति प्राप्त होती है ।। संक्रांति पर दान-पुण्य करने का विशेष महत्व है । यह उपाय सभी राशि के लोगों के लिए अपने राशी अनुसार कुछ विशेष दान करने से अकल्पनीय लाभ संभव है । वैसे संक्रांति पर तिल खाना और तिल का दान करना सबसे अच्छा और असरदार उपाय है ।। मेष- मेष राशि का स्वामी मंगल है, इस राशि के लोग मकर संक्रांति के दिन चादर (बेडसीट) एवं तिल का दान करें तो शीघ्र ही हर मनोकामना पूरी हो सकती है ।।

वृषभ- वृष राशि का स्वामी शुक्र है, इस राशि के लोग मकर संक्रांति के दिन ऊनी वस्त्र एवं तिल का दान करें तो शुभ रहेगा ।।

मिथुन- इस राशि का स्वामी बुध है, इस राशि के लोग यदि मकर संक्रांति के दिन तिल एवं चादर का दान करें तो बहुत लाभदायक सिद्ध होगा ।। कर्क- इस राशि का स्वामी चंद्र है, इस राशि के लोगों के लिए मकर संक्रांति पर तिल, साबूदाना एवं ऊनी वस्त्र का दान करना शुभ फल प्रदान करने वाला रहेगा ।।

सिंह- सिंह राशि का स्वामी सूर्य है, मकर संक्रांति के दिन इस राशि के लोग तिल, कंबल एवं चादर का दान अपनी क्षमतानुसार करें ।।

कन्या- इस राशि का स्वामी बुध है, इस राशि के लोग मकर संक्रांति के दिन तिल, कंबल, तेल तथा  उड़द दाल का दान करें ।। तुला- इस राशि के स्वामी शुक्र हैं, इस राशि के लोग तेल, रुई, वस्त्र, राई,  सूती वस्त्रों के साथ ही चादर आदि का दान करें ।।

वृश्चिक- इस राशि का स्वामी मंगल है, इस राशि के लोग गरीबों को चावल और दाल की कच्ची खिचड़ी का दान करें साथ ही अपनी क्षमता के अनुसार कंबल का दान भी शुभ फलदायी सिद्ध होगा ।।

धनु- इस राशि का स्वामी गुरु है, इस राशि के लोग मकर संक्रांति के दिन तिल व चने की दाल का दान करें तो विशेष लाभ होने की संभावना बनती है ।। मकर- इस राशि का स्वामी शनि है, ये लोग मकर संक्रांति के दिन तेल, तिल, कंबल और पुस्तक का दान करें तो इनकी हर मनोकामना पूरी हो सकती है ।।

कुंभ- इस राशि का स्वामी शनि है, इस राशि के लोग मकर संक्रांति के दिन तिल, साबुन, वस्त्र, कंघी व अन्न का दान करें ।।

मीन- इस राशि का स्वामी गुरु है, मकर संक्रांति के दिन मीन राशि वालों को तिल, चना, साबूदाना, कंबल सूती वस्त्र तथा चादर का दान करें ।। वास्तु विजिटिंग के लिये तथा अपनी कुण्डली दिखाकर उचित सलाह लेने एवं अपनी कुण्डली बनवाने अथवा किसी विशिष्ट मनोकामना की पूर्ति के लिए संपर्क करें ।।


बालाजी वेद, वास्तु एवं ज्योतिष विद्यालय, सिलवासा ।।

कुण्डली दिखाकर उचित सलाह लेने एवं अपनी कुण्डली बनवाने तथा वास्तु विजिटिंग के लिये अथवा किसी विशिष्ट मनोकामना की पूर्ति के लिए संपर्क करें । पूजा-पाठ, विधी-विधान, ग्रह दोष शान्ति आदि के लिए तथा बड़े से बड़े अनुष्ठान हेतु योग्य एवं विद्वान् ब्राह्मण हमारे यहाँ उपलब्ध हैं । ज्योतिष पढ़ने के लिये संपर्क करें - बालाजी ज्योतिष केन्द्र, गायत्री मंदिर के बाजु में, मेन रोड़, मन्दिर फलिया, आमली, सिलवासा।।

0 comments:

Post a Comment

Note: only a member of this blog may post a comment.

BALAJI VED VIDYALAYA, SILVASSA.. Powered by Blogger.